भारतीय रेल पर चौतरफ़ा रेल अनुरक्षण, विस्तार, गेज बदलना, विद्युतीकरण ऐसे विकासात्मक कार्य शुरू है। कहीं आठ दिन, कहीं पन्द्रह दिन गाड़ियाँ बन्द है। कई मार्गोंपर पैसेंजर ट्रेन महीनों बन्द है तो कई गाड़ियाँ घूमकर, रुकवाकर चलाई जा रही है। यात्री भी जानते है, जब सुविधाओंका निर्माण किया जा रहा है तो कुछ परेशानी झेलनी पड़ेगी।
मित्रों, इस सब्र के फल बड़े मीठे मिलने वाले है। रेलवे का टाइम टेबल हमेशा जुलाई से बनता है। जो भी व्यापक परिवर्तन गाड़ियोंके समय मे किए जाते है, वह इसी वक्त किए जाते है।
आने वाले जुलाई से तय है की कई गाड़ियोंके समय बदलेंगे और गाड़ियोंकी स्पीड बढनेसे गाड़ियोंका विस्तार भी होगा, मार्ग भी बदलेंगे, स्टोपेजेस भी कम किए जाएंगे और इन सब कारणोंसे गाड़ियोंके मार्ग समय भी कम होंगे।
इसका पहला रिजल्ट देख लीजिए, मध्य रेलवे ने चेन्नई की ओर चलने वाली तीनों गाड़ियोंके समय मे जुलाई से कमी कर नया टाइम जारी किया है।











