10 सितम्बर 2024, मंगलवार, भाद्रपद, शुक्ल पक्ष, सप्तमी, विक्रम संवत 2081
भारतीय रेल के नेटवर्क में कुल 8809 रेलवे स्टेशन है, जिसमे 5945 नॉन सबर्बन अर्थात गैर-उपनगरीय स्टेशन है। 578 उपनगरीय स्टेशन है, जिसमे मुम्बई, पुणे, दिल्ली, कोलकाता, चेन्नई, हैदराबाद ई. महानगर आते है जिनमे उपनगरीय गाड़ियाँ चलते है। 2286 हॉल्ट स्टेशन्स है, जहाँपर अमूमन डेमू, मेमू, सवारी गाड़ियाँ ही ठहराव लेती है।
सभी 8809 स्टेशनोंको 3 श्रेणियों में बाँटा गया है। NSG नॉन सबर्बन स्टेशन ग्रुप, जिसमे यात्रिओंके आवागमन (फुटफॉल) और स्टेशन की कुल आय के अनुसार छह उपश्रेणी में रखा गया है। SG सबर्बन स्टेशन ग्रुप इसमे तीन उपश्रेणिया है और तीसरा हॉल्ट स्टेशन ग्रुप, इसमे भी तीन उपश्रेणिया है।
मेट्रो रेल सहित सत्रह क्षेत्रीय रेलवे के स्टेशनोंकी सूची निम्नप्रकार है।

स्टेशनोंका वर्गीकरण प्रत्येक पाँच वर्ष के अंतराल से किया जाता है। उपरोक्त वर्गीकरण वर्ष 2024-25 के लिए किया गया है। वर्गीकरण के मानक यात्रिओं द्वारा होनेवाली PRS एवं UTS टिकटोंकी आय और स्टेशन से रवाना होनेवाले यात्री संख्या से तय की गई है। यह गणना हेतु आँकड़े आर्थिक वर्ष 2023/24 के है।
वर्गीकरण में उच्चतम श्रेणी पाना, यह ऐसा दुष्ट चक्र है, ज्यादा गाड़ियाँ, ज्यादा ठहराव, ज्यादा आय!
स्टोपेजेस नही रहेंगे तो आय भला कैसे बढ़ेगी? और मार्गपर ज्यादा यात्री गाड़ियाँ भी तो चलें!
😁
