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मध्य रेल की यह गाडियाँ, जिनमे यात्रा कर पाएंगे MST धारक

मध्य रेल प्रशासन ने मार्च 2020 के संक्रमणकालीन रेल्वे बंद से करीबन 23 महीनों बाद अब जाकर मासिक पास धारकों के लिए, MST पास के जरिए यात्रा करने की अनुमति दी है। इस सम्बन्ध मे कल दिनांक 24 फरवरी को CCM मुख्य वाणिज्य प्रबंधक मुम्बई के कार्यालय से सभी मण्डलों के नामे पत्र जारी हुवा। गौरतलब यह है, यह MST धारक कौनसी गाड़ियोंमे यात्रा कर पाएंगे इस पर अलगसे गाड़ियों की सूची जारी नहीं की गई अपितु जिन गाड़ियोंमे द्वितीय श्रेणी टिकटें जारी की जा रही है केवल उन्ही गाड़ियोंमे MST पास धारक यात्रा कर पाएंगे ऐसा नियम उपरोक्त पत्र मे दिया गया है। कृपया पत्र की नियमावली क्रम 2 एवं 3 देखें, स्पष्ट किया गया है, केवल अनारक्षित गाड़ियों और अनारक्षित वर्ग में ही MST धारक को यात्रा करने की अनुमति है

ऐसे मे हमने, मध्य रेल पर फिलहाल जो प्रतिदिन मेमू/डेमू गाडियाँ चल रही है जिनमे यह नियमान्तर्गत MST धारक यात्रा कर पाएंगे, उसकी सूची बनाई है

11120/19 भुसावल ईगतपुरी भुसावल मेमू

19007/08 भुसावल सूरत भुसावल एक्स्प्रेस *

09077/78 भुसावल नंदुरबार भुसावल एक्स्प्रेस *

01303/04/13/14 चलिसगाव धुले चालिसगाव

11115/16 भुसावल इटारसी भुसावल मेमू

01365/66 भुसावल बड़नेरा भुसावल मेमू

01367/68/69/70 बड़नेरा नरखेड़ बड़नेरा मेमू

05689/90/91/92 खण्डवा बिड खण्डवा सवारी

01323/24 नागपूर आमला नागपूर मेमू

01318/17 इटारसी आमला इटारसी मेमू

01371/72 अमरावती वर्धा अमरावती मेमू

01319/20 आमला छिंदवाड़ा आमला मेमू

01379/80 बड़नेरा अमरावती बड़नेरा मेमू

11421/22 पुणे सोलापूर पुणे डेमू

01381/82 सोलापूर वाडी सोलापूर डेमू

11409/10 दौंड निजामाबाद/ निजामाबाद पुणे डेमू

01545/46 कुरडुवाड़ी मिरज कुरडुवाड़ी डेमू

01539/40 पुणे सातारा पुणे डेमू

01541/42 सातारा कोल्हापूर सातारा डेमू

01511/12 पुणे बारामती/ बारामती दौंड डेमू

01524/25 पुणे दौंड पुणे डेमू

01531/01528 पुणे दौंड पुणे डेमू

01413/14 निजामाबाद पंढ़रपुर निजामाबाद डेमू

01535/36 पुणे फलटण पुणे डेमू सप्ताह मे 6 दिन

01537/38 लोनन्द फलटण लोनन्द डेमू सप्ताह मे 6 दिन

इसके अलावा 12109/10 मनमाड मुम्बई मनमाड पंचवटी एक्स्प्रेस मे मध्य रेल ने पहले ही MST धारकों को अनुमति दे दी है। अब आगे कौनसी एक्सप्रेस गाडियाँ है जिन्हे द्वितीय श्रेणी सामान्य टिकटों के लिए अनुमति दी जाएगी यह देखना आवश्यक होगा क्योंकी जिन गाड़ियों मे अनारक्षित द्वितीय श्रेणी सामान्य टिकटें जारी की जा सकेगी उन्ही मे MST पास को भी अनुमति दी जा सकती है। (* इन दो गाड़ियोंमे द्वितीय श्रेणी सामान्य टिकटें जारी किए जाते है, इसलिए उन्हें सूची में सम्मिलित किया है।)

उपरोक्त सूची रेल प्रशासन के नियमावली के आधार पर MST धारकोंकी सुविधा के लिए बनाई गई है। हम MST धारकोंसे आग्रह करते है की MST पास बनाते वक्त सम्बन्धित रेल अधिकारियोंसे अवश्य जान लें, के किन गाड़ियोंमे यह पास लेकर यात्रा की जा सकती है।

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खुशखबर : मध्य रेल के भुसावल, सोलापुर, नागपुर, मुम्बई और पुणे मण्डलमे भी MST शुरू किए जा रहे है!

मध्य रेलवे के “मुख्य वाणिज्य प्रबन्धक, मुम्बई छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस” के आज जारी किए पत्र में मध्य रेल के सभी मण्डलों को सीजन पास अर्थात MST शुरू करने के निर्देश दे दिए गए है। पत्र की प्रतिलिपि;

उपरोक्त पत्रमे राज्य शासन द्वारा जारी किए गए सभी संक्रमणकालीन निर्बन्धो के अधीन रहते हुए ही MST पास जारी किए जाएंगे।

MST धारक किसी भी आरक्षित गाड़ियों, आरक्षित वर्ग में यात्रा नही कर सकते और यदि इस तरह यात्रा करते पाए गए तो नियमानुसार दण्ड के पात्र होंगे।

MST पास धारक केवल सवारी/ द्वितीय श्रेणी (सामान्य) जिस गाड़ीमे उपलब्ध हो, उन्ही गाड़ियोंमें में ही यात्रा कर सकते है, अर्थात मध्य रेल के किसी भी मण्डल में कोई भी सवारी गाड़ी फिलहाल नही चल रही है। सामान्य द्वितीय श्रेणी वर्ग वाली केवल मेमू/डेमू गाड़ियाँ चलाई जा रही है वह भी विशेष ‘0’ गाड़ी क्रमांक से। इसका अर्थ यह है की MST धारक अनुमति गाड़ियोंकी अलग से घोषणा करवानी होगी।

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पश्चिम रेल्वे मुम्बई मण्डल मे पालघर – वाणगांव के बीच रेल ब्लॉक

प रे के मुम्बई मण्डल के मुम्बई – सूरत मार्गपर दिनांक 24 फरवरी से लगातार 6 ट्राफिक ब्लॉक की सूचना है। यह ब्लॉक सुबह 10:10 से लेकर 11:10 याने 1 घंटे तक जारी रहेगा। इस ब्लॉक के चलते 93013 चर्चगेट – डहाणु रोड लोकल चर्चगेट से केलवा रोड तक ही चलाई जाएगी आगे केलवा रोड से डहाणु रोड के बीच रद्द रहेगी, उसी प्रकार वापसीमे 93012 डहाणु रोड विरार लोकल केलवे रोड से शुरू होगी। समयसारणी निम्न प्रकार है,

केलवा रोड से डहाणु रोड के बीच यात्रीओं को असुविधा ना हो इसके लिए परे प्रशासन ने निम्नलिखित अस्थायी ठहराव की व्यवस्था की है,

1: दिनांक 24 फरवरी गुरुवार को 12934 अहमदाबाद मुम्बई सेंट्रल कर्णावती एक्स्प्रेस पालघर, विरार मे ठहराव लेगी। 12990 अजमेर दादर सुपरफास्ट बोरिवली, विरार और 09159 बांद्रा वापी एक्स्प्रेस उमरोली मे ठहराव लेगी।

2: दिनांक 25 फरवरी शुक्रवार को 12934 अहमदाबाद मुम्बई सेंट्रल कर्णावती एक्स्प्रेस बोरिवली, विरार मे ठहराव लेगी। 22952 गांधीधाम बांद्रा सुपरफास्ट पालघर, विरार और 09159 बांद्रा वापी एक्स्प्रेस उमरोली मे ठहराव लेगी।

3: दिनांक 26 फरवरी शनिवार को 12934 अहमदाबाद मुम्बई सेंट्रल कर्णावती एक्स्प्रेस पालघर, विरार मे ठहराव लेगी। 12990 अजमेर दादर सुपरफास्ट बोरिवली, विरार और 09159 बांद्रा वापी एक्स्प्रेस उमरोली मे ठहराव लेगी।

4: दिनांक 27 फरवरी रविवार को 12934 अहमदाबाद मुम्बई सेंट्रल कर्णावती एक्स्प्रेस पालघर, विरार मे ठहराव लेगी। 12489 बीकानेर दादर सुपरफास्ट बोरिवली, विरार और 09159 बांद्रा वापी एक्स्प्रेस उमरोली मे ठहराव लेगी।

5: दिनांक 28 फरवरी सोमवार को 12934 अहमदाबाद मुम्बई सेंट्रल कर्णावती एक्स्प्रेस पालघर, विरार मे ठहराव लेगी। 12990 अजमेर दादर सुपरफास्ट बोरिवली, विरार और 09159 बांद्रा वापी एक्स्प्रेस उमरोली मे ठहराव लेगी।

समयसारणी नियंत्रित कर चलाई जाने वाली गाडियाँ –

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‘अरे दीवानों, मुझे पहचानों…’

Video courtesy : Anirudha G, RailPost.in

स्वागत नही कीजियेगा, दख्खन की रानी का?

पुणे स्टेशन के यार्ड में इंटेग्रल कोच फैक्टरी से पहुंचे पांच नए LHB कोच अपनी बारी आने का इंतजार करते हुए! आशा है, मार्च के पहले सप्ताह तक इसके साथी अर्थात बाकी कोच भी पुणे पहुंच जाएंगे और पुणे – मुम्बई के बीच यात्री सेवा में हाजिर हो जाएंगे।

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क्या मध्य रेल प्रशासन की यह यात्री व्यवस्था सुबुद्ध और दुरुस्त है?

यह तस्वीर आज दि. 21/2/2022 के मराठी दैनिक ‘दिव्य मराठी’ जलगाँव दिव्य सिटी आवृत्ति से साभार प्रस्तुत की गई है।

संक्रमणकाल के निर्बंध अब महाराष्ट्र में लगभग न के बराबर है। स्कुल, कॉलेज खुल गए है, शैक्षिक संस्थानों की गतिविधियाँ बढ़ गयी है। शादी, ब्याह और अन्य सामाजिक कार्यक्रमों में उपस्थितियों पर भी अब अच्छी ढील मिल रही है। कल-कारखाने, व्यापार प्रतिष्ठान, उपज मंडियों में भी व्यवसाय निमित्त गतिविधियाँ बढ़ गयी है। ऐसे में इनसे सम्बन्धित तमाम लोग अपने घरोंसे निकल बाजारोंमें, व्यापार और सामाज में जाने-आने लगे है। बच्चे, युवा अपनी शिक्षा सम्बन्धी उधेड़बुन में लग गए है, क्लासेस में हाजिरी लगाने लग गए है और रेल प्रशासन है, की अब भी अपने निर्बंध खोलने को तैयार ही नही है, ना ही स्थानीय यात्रिओंके हितोंकी गाड़ियाँ चलवा रहा है, न ही द्वितीय श्रेणी सामान्य टिकटें उपलब्ध करवा रहा है।

इस दैनिक अखबार में छपी तस्वीर को आप प्रातिनिधिक स्वरूप में देखिए। मध्य रेल के प्रत्येक प्रमुख रेल मार्ग पर चलनेवाली हरेक गाड़ी के द्वितीय श्रेणी सामान्य डिब्बे की यह तस्वीर है। मध्य रेल प्रशासन ने अब तक मेल/एक्सप्रेस गाड़ियोंमे द्वितीय श्रेणी सामान्य श्रेणी आम यात्रिओंके के लिए खोली नही है। केवल एक-एक मेमू गाड़ी में यह व्यवस्था उपलब्ध है, जो हजारों सख्या के यात्रिओंके लिए समुचित नही है। द्वितीय श्रेणी के टिकट लेकर या प्रतिक्षासूची के टिकट लेकर या कभी कभी बिना टिकट यात्री रेल प्रशासन द्वारा आरक्षित द्वितीय श्रेणी 2S में मजबूरी में यात्रा करते पाए जाते है।

कहने को यह व्यवस्था आरक्षित है मगर कभी भी इन कोचेस में टिकट जांच निरीक्षक तैनात नही किये जाते। यहाँतक की स्लिपर क्लास के 8-10 कोचेस में भी आधे कोचेस की यही अवस्था रहती है। जब बिनाटिकट सामान्य यात्री रेलवे के गाड़ियोंमे क्या प्लेटफार्म और आहाते तक मन्जूर नही और अनाधिकृत समझा जाता है तो रेलगाड़ियोंमें इस तरह की भीड़ होना क्या रेल अधिकारियों को सम्मत है? रेल अधिकारी, टिकट जांच दल, सुरक्षा दल आँख मुन्द लेते है? ऐसी अनियंत्रित भीड़ प्रत्येक गाड़ियोंमे चली जा रही है तो क्या रेल अधिकारियों का कर्तव्य नही बनता की अपने उच्च स्तरीय अधिकारियों से स्थानीय यात्रिओंकी व्यवस्था बढवाने की माँग करें?

प्रश्न बहुतसे है, उनके समाधान भी सामने ही है मगर न ही रेल प्रशासन सक्रियता से उसे सुलझाने का प्रयत्न कर रही है और न ही स्थानीय प्रतिनिधि उसपर विशेष ध्यान दे रहे है। ऐसे में यह प्रतीत होता है, खानापूर्ति के लिए दिनभर में एखाद कार्रवाई की जाती रही है। क्योंकि एक-एक रेल गाड़ी की जाँच करने के लिए न ही रेलवे के पास समय है और न ही इतने संख्याबल में जांच कर्मी। ट्विटर पर शिकायत करें तो मण्डल अधिकारी का जवाब मिलता है,( भला हो तत्कालीन रेल मन्त्री सुरेश प्रभु का) ‘जाँच के लिए सम्बंधित अधिकारी को सौंपा गया है।’ मगर जाँच के बाद कार्रवाई क्या हुई यह आज तक न किसीने बताया है न ही किसीने समझा है।

कुल मिलाकर सारी व्यवस्था ‘अंधा पिसे, कुत्ता खावें’ वाली हो कर रह गयी है। रेलगाड़ियोंमे हजारों अधिकृत आरक्षित यात्रिओंके साथ-साथ सैकड़ों अनाधिकृत बिनाटिकट यात्री भी यात्रा कर ही रहे है, अनाधिकृत विक्रेता अब सरे-आम आरक्षित स्लिपर कोचेस के साथ वातानुकूलित कोचेस में भी अपने विक्री व्यवसाय करते नजर आ रहे है।