भुसावल मण्डल में चलनेवाले तकनीकी कार्य के चलते निम्नलिखित गाड़ियाँ देरी से पहुंचने वाली है।
11121 भुसावल वर्धाएक्सप्रेस JCO 20 जनवरी को वर्धा स्टेशन पर रात 21:00 की जगह रात 21:15 को पहुचेगी।
11122 वर्धा भुसावल एक्सप्रेस JCO 20 जनवरी को भुसावल स्टेशन पर सुबह 07:25 की जगह रात 07:45 को पहुचेगी।
11113 देवलाली भुसावल एक्सप्रेस JCO 20 जनवरी को भुसावल स्टेशन पर दोपहर 12:15 की जगह दोपहर 12:40 को पहुचेगी।
11114 भुसावल देवलाली एक्सप्रेस JCO 20 जनवरी को देवलाली स्टेशन पर रात 22:45 की जगह रात 23:15 को पहुचेगी।
ज्ञात रहे, यह केवल गन्तव्यों पर पहुंचने के और केवल 20 जनवरी को चलनेवाली गाड़ियोंके समयोंमे ही अस्थायी बदलाव किये गए है, गाड़ियाँ अपने प्रारम्भिक स्टेशनोंसे लेकर गन्तव्यों के अलावा सभी स्टेशनोंपर नियमित समयसारणी अनुसार ही चलेगी।
19 जानेवारी 2023, माघ, कृष्ण पक्ष, द्वादशी, विक्रम संवत 2079
दमरे के वरिष्ठ विभागीय तांत्रिक अभियंता के द्वारा जारी पत्रानुसार, दमरे से जल्द ही काचेगुड़ा – बेंगलुरु, सिकंदराबाद – तिरुपति और सिकंदराबाद – पुणे के बीच वन्देभारत शुरू की जानेवाली है।
सिकंदराबाद, तिरुपति और काचेगुड़ा मेंटेनेंस डिपो के कर्मियोंको और इनसे सम्बन्धित मण्डल कार्यालय से, ICF चेन्नई के निकट बेसिन ब्रिज जंक्शन और शकूरबस्ती उत्तर रेलवे में वन्देभारत ट्रेनसेट की देखभाल का प्रशिक्षण लेने हेतु भेजा जाएगा। साथ ही उपरोक्त स्टेशनोंको वन्देभारत ट्रेनसेट की देखभाल हेतु आवश्यक बुनियादी सुविधाओं की तैयारी भी करने की हिदायतें दे दी गयी है।
😊 सिकंदराबाद – पुणे वन्देभारत, मध्य रेल में चलने वाली पहली वन्देभारत एक्सप्रेस हो सकती है। वैसे कहने को नागपुर – बिलासपुर वन्देभारत है, लेकिन मध्य रेल के ज्यादा क्षेत्र को पुणे से वाड़ी तक व्यापने वाली यह गाड़ी का ज्यादातर रन मध्य रेल क्षेत्र से गुजरेगा।
इस कैशलैस लेनदेन के दौर में अनारक्षित रेल टिकट खरीदने के लिए भारतीय रेलवे का “UTS” ऍप काफी उपयोगी और लोकप्रिय साबित हो रहा है। इस ऍप में आज से कन्नड़ और उड़िया भाषा उपलब्ध की गई है। अब तक UTS ऍप में अंग्रेजी, हिन्दी एवं मराठी भाषा का उपयोग किया जा सकता था।
UTS ऍप के जरिए प्लेटफार्म टिकट, द्वितीय श्रेणी का अनारक्षित टिकट और सीजन पास निकाले जा सकते है। UTS ऍप टिकट निकालने के लिए GPS सिस्टम का उपयोग करता है और निकटतम स्टेशन से टिकट रेल यात्रा शुरू करने का स्टेशन पकड़ता है।
UTS टिकिटिंग के बारे में जानकारियां यहाँ देना बेमानी होगा चूँकि यह सिस्टम से कई यात्री वाकिफ़ हो चुके है। फिर भी हम एक बार फिर यात्रिओंसे आग्रह करेंगे, अपने द्वितीय श्रेणी अनारक्षित टिकट, प्लेटफार्म टिकट और सीज़न पास डिजिटल स्वरुप में, अपने घर बैठे, बिना कतारोंमें भीड़भाड़ से बचते हुए UTS के जरिये लीजिए।
भारतीय रेल प्रशासन ने अपने रेलवे स्टेशनोंको यात्रिओंके लिए उन्नत सुविधायुक्त बनाने के लिए गतिशक्ति कार्यक्रम तहत “अमृत भारत स्टेशन” योजना शुरू की है।
यूँ तो भारतीय रेल में स्टेशन डेवलपमेंट का बड़ा कार्य जोरदार तरीकेसे किया जा रहा है। बड़ी निविदाएं निकाली जा रही है। रेल्वेकी IRSDC इंडियन रेलवे स्टेशन डेवलपमेंट कम्पनी यह काम कर रही है। इसके अलावा “मॉडल स्टेशन” योजना के अंतर्गत भी बड़े जंक्शन के लिए बड़े निधि के आबंटन की घोषणाएं हो चुकी है। छोटे मगर महत्वपूर्ण स्टेशन के सुधारोंके लिए यह योजना लाई गई है। भारतीय रेल का प्रत्येक क्षेत्रीय कार्यालय और उसके तहत आने वाले प्रत्येक मण्डल में यह योजना लाई गई है।
मध्य रेल में पांच मण्डल है। मुम्बई, पुणे, सोलापुर, भुसावल और नागपुर। अब तक सोलापुर मण्डल के 15 स्टेशनोंके नाम सामने आए है। सोलापुर मण्डल में, सोलापुर, जेऊर, दुधनी, कलबुर्गी, शहाबाद, गाणगापुर, दौंड, पंढरपुर, वाड़ी, उस्मानाबाद, लातुर, कुरडुवाड़ी, अहमदनगर, बेलापुर, और कोपरगाँव यह स्टेशन सुधार किए जाएंगे। अब तक मुम्बई, पुणे और नागपुर की कोई सूची जाहिर नही हुई है, भुसावल मण्डल की सूची जारी हो गयी है, आज हम इसका लेखाजोखा लेंगे
प्रत्येक मण्डल अपने महत्वपूर्ण 15 स्टेशन इसके लिए चुनेगा।
भुसावल मण्डल में इस योजना के लिए भुसावल से बड़नेरा खण्डपर; बड़नेरा, मुर्तिजापुर, शेगांव, नांदुरा और मलकापुर
भुसावल से इगतपुरी खण्डपर; पाचोरा, चालीसगांव, नांदगांव, मनमाड़, लासलगांव, देवलाली और धुळे
भुसावल से खण्डवा खण्डपर; नेपानगर, रावेर और सावदा यह स्टेशन चुने है।
अमृत भारत स्टेशन के अंतर्गत इन स्टेशनोंपर मान्यताप्राप्त वास्तुकार संस्थाओं से EOI एक्सप्रेशन ऑफ इन्टरेस्ट, अभिव्यक्ति स्वारस्य अर्थात निश्चित की गई मदों के तहत वे उपरोक्त स्टेशन में किस तरह सुधारणाएं निर्माण कर सकते है इसकी सलाह, कार्य कर सकते है।
अमृत भारत स्टेशन योजना में उपरोक्त स्टेशनोंमें निम्नलिखित यात्री सुविधाओं का निर्माण किया जाएगा।
वर्तमान प्लेटफार्म की लंबाई इतनी की जाएगी की 21/24 कोच की यात्री गाड़ी सहजता से रुक सकें।
प्लेटफार्म की रेल पटरी की बेडिंग गिट्टी विरहित, कॉन्क्रीट की बनाई जाएगी।
प्लेटफार्म पर यात्रिओंके लिए इंटरनेट सेवा उपलब्ध कराना।
यात्रिओंकी सुविधा हेतु प्लेटफार्म पर FOB फुट ओवर ब्रिज यात्री पैदल पुल का निर्माण करना।
गाड़ी पार्किंग सुविधाओं का निर्माण करना।
प्लेटफार्म पर छत, यात्रिओंके लिए आसन और पेयजल की उचित व्यवस्था बनाना।
उन्नत प्रतीक्षालयों का निर्माण करना।
दिव्यांग जनोंके लिए उचित साधन उपलब्ध कराना और व्यवस्थाओंका निर्माण करना।
इस सम्बंध में एक आदेश CRS द्वारा महाप्रबंधक, मध्य रेल के नामें जारी किया गया है, सोशल मीडिया RailPost.in से प्राप्त हुवा जिसे हम यहाँ प्रस्तुत कर रहे है।