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स्टोपेजेस ले लो भाई, स्टोपेजेस! रतलाम के स्टोपेजेस की तिथी और समयसारणी आ गयी।

2 सितम्बर 2023, शनिवार, भाद्रपद, कृष्ण पक्ष, तृतीया, विक्रम संवत 2080

पश्चिम रेलवे के रतलाम जंक्शन पर निम्नलिखित 3 जोड़ी अर्थात 6 गाड़ियोंके स्टोपेजेस की घोषणा तो कुछ दिन पहले ही हो चुकी थी, बस समयसारणी और ‘डेट ऑफ इम्प्लीमेंटेशन’ आनी बाकी थी, सो आ गयी।

12431 तिरुवनंतपुरम हजरत निजामुद्दीन त्रिसाप्ताहिक राजधानी एक्सप्रेस JCO 31 अगस्त, और रतलाम स्टेशन की तिथि 02 सितंबर से प्रत्येक गुरुवार, शनिवार एवं रविवार को प्रातः 3:47/3:50 ऐसे 3 मिनट के लिए रुकेंगी।

12432 हजरत निजामुद्दीन तिरुवनंतपुरम त्रिसाप्ताहिक राजधानी एक्सप्रेस JCO 30 अगस्त, और रतलाम स्टेशन की तिथि 30 अगस्त से प्रत्येक मंगलवार, बुधवार एवं रविवार को दोपहर 14:02/14:05 ऐसे 3 मिनट के लिए रुकेंगी।

12907 बान्द्रा हजरत निजामुद्दीन महाराष्ट्र द्विसाप्ताहिक सम्पर्क क्रांति एक्सप्रेस JCO 03 सितम्बर, और रतलाम स्टेशन की तिथि 04 सितंबर से प्रत्येक गुरुवार एवं सोमवार को प्रातः 1:48/1:53 ऐसे 5 मिनट के लिए रुकेंगी।

12908 हजरत निजामुद्दीन बान्द्रा महाराष्ट्र द्विसाप्ताहिक सम्पर्क क्रांति एक्सप्रेस JCO 31 अगस्त, और रतलाम स्टेशन की तिथि 01 सितंबर से प्रत्येक मंगलवार एवं शुक्रवार को प्रातः 0:13/0:18 ऐसे 5 मिनट के लिए रुकेंगी।

22413 मडगांव हजरत निजामुद्दीन द्विसाप्ताहिक राजधानी एक्सप्रेस JCO 03 सितम्बर, और रतलाम स्टेशन की तिथि 04 सितंबर से प्रत्येक सोमवार एवं मंगलवार को प्रातः 3:47/3:50 ऐसे 3 मिनट के लिए रुकेंगी।

22414 हजरत निजामुद्दीन मडगांव द्विसाप्ताहिक राजधानी एक्सप्रेस JCO 01 सितम्बर, और रतलाम स्टेशन की तिथि 01 सितम्बर से प्रत्येक शुक्रवार एवं शनिवार को दोपहर 14:02/14:05 ऐसे 3 मिनट के लिए रुकेंगी।

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दिल्ली की रेल यात्रा का नियोजन है, तो कृपया यह सूचनाएं समझ लीजिए।

2 सितम्बर 2023, शनिवार, भाद्रपद, कृष्ण पक्ष, तृतीया, विक्रम संवत 2080

देश की राजधानी दिल्ली में G-20 समूह की बैठक होने जा रही है। इसके चलते दिल्ली में दिनांक 09 सितम्बर से 12 सितम्बर तक बहुत सी यातायात सूचनाएं जारी की गई है, उसी के अंतर्गत, रेल विभाग ने दिनांक 08 से 11 सितम्बर तक, दिल्ली एवं नई दिल्ली स्टेशन पर पहुंचने वाली, निकलने वाली 40 गाड़ियाँ रद्द, 12 गाड़ियोंका टर्मिनल स्टेशन चेंज, 3 गाड़ियोंका मार्च परिवर्तन और 70 गाड़ियोंको दिल्ली के उपनगरीय स्टेशनोंपर ठहराव देने की सूचना जारी की है।

निम्नलिखित 40 गाड़ियाँ सम्पूर्ण रद्द रहेंगी :

निम्नलिखित 12 गाड़ियोंका टर्मिनल स्टेशन बदला जा रहा है, दिल्ली से आगे चलनेवाली 4 गाड़ियाँ एवं अन्य 3 गाड़ियाँ जो दिल्ली सफदरजंग स्टेशन होकर चलती है, परावर्तित मार्ग से चलेंगी।

निम्नलिखित 70 गाड़ियोंको दिनांक 09, 10 को, दिल्ली क्षेत्र में नियमित ठहरावों के अतिरिक्त, उपनगरीय स्टेशनोंपर भी अस्थायी ठहराव दिया जा रहा है, ताकि उक्त तिथियोंको दिल्ली एवं नई दिल्ली स्टेशनोंपर यात्री संख्या का ज्यादा दबाव न हो।

अतिरिक्त ठहराव वाले स्टेशन्स : BHD – बदली, FDB – फरीदाबाद, NZM – हजरत निजामुद्दीन, GZB – गाजियाबाद, SBB – साहिबाबाद, ANVT – आनंदविहार टर्मिनस, DSA – दिल्ली शाहदरा, OKA – ओखला, PTNR – पटेल नगर

यात्रीगण, परिपत्रक में तिथियोंपर अवश्य ध्यान देकर अपनी रेल यात्रा का नियोजन करें।

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पुरी राउरकेला के बीच वन्देभारत एक्सप्रेस

1 सितम्बर 2023, शुक्रवार, पूर्वभाद्रपद, कृष्ण पक्ष, द्वितिया, विक्रम संवत 2080

20836/35 पुरी राउरकेला पुरी वन्देभारत एक्सप्रेस सप्ताह में 6 दिन प्रत्येक शनिवार छोड़कर चलाई जाने का प्रस्ताव है।

20836 पुरी राउरकेला वन्देभारत प्रातः 5:00 बजे पुरी से प्रस्थान करेंगी और दोपहर 12:45 को राउरकेला पहुचेंगी। वापसीमे 20835 राउरकेला पुरी वन्देभारत एक्सप्रेस दोपहर 14:10 को राउरकेला से प्रस्थान करेंगी और रात 21:40 की पुरी पहुचेंगी। मार्ग में खुर्दा रोड, भुबनेश्वर, कटक, ढेनकनाल, अनुगुल, केरेजंगा, सम्बलपुर सिटी, झारसुगुड़ा स्टेशनोंपर ठहराव लेंगी।

चूँकि यह प्रस्तावित समयसारणी है, अंततः इसमे बदलाव भी लाये जा सकते है।

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बड़ी उपलब्धि : मध्य रेल के इगतपुरी से भुसावल होते हुए बड़नेरा तक रेल मार्ग पर LHB यात्री गाड़ियोंकी अधिकतम 130 kmph गति से चलने की अनुमति

1 सितम्बर 2023, शुक्रवार, पूर्वभाद्रपद, कृष्ण पक्ष, द्वितिया, विक्रम संवत 2080

मध्य रेलवे, भुसावल मण्डल के इगतपुरी – भुसावल – बडनेरा खण्ड में कुल रेल मार्ग 526.76 किलोमीटर पर अप और डाउन दिशाओं में निम्नलिखित 6 ट्रेनों के साथ 130 किमी प्रति घंटे की गति परीक्षण सफलतापूर्वक पूरा हुआ।

12290 दुरन्तो एक्सप्रेस बडनेरा – भुसावल के बीच स्पीड लॉग
12290 दुरन्तो एक्सप्रेस भुसावल – इगतपुरी के बीच स्पीड लॉग

1) 12289 मुम्बई छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस नागपुर दुरन्तो एक्सप्रेस
2) 12290 नागपुर मुम्बई छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस दुरन्तो एक्सप्रेस
3) 12105 मुम्बई छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस गोंदिया विदर्भ एक्सप्रेस
4) 12106 गोंदिया मुम्बई छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस विदर्भ एक्सप्रेस
5) 12859 मुम्बई छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस हावड़ा गीतांजलि एक्सप्रेस
6) 12860 हावड़ा मुम्बई छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस गीतांजलि एक्सप्रेस

डाउन अर्थात मुम्बई से आनेवाली गाड़ियोंमें औसत समय की बचत 28 मिनट है और मुम्बई की ओर जानेवाली दिशा में औसत समय की बचत 30 मिनट तक हो रही है।

भुसावल मण्डल के 526.76 किमी के इगतपुरी – भुसावल – बडनेरा खंड में, 130 किमी प्रति घंटे की गति से कुल 67 गाड़ियाँ चलाने की योजना है। यह सारी गाड़ियाँ LHB रैक वाली ही रहेंगी।

उपरोक्त 6 मेल एक्सप्रेस ट्रेनों के 130 किमी प्रति घंटे की स्पीड ट्रायल के सफल समापन के साथ ट्रेनों को 130 किमी प्रति घंटे की गति से नियमित रूप से चलाने की आगे की प्रक्रिया चल रही है।

गौरतलब यह है, सम्पूर्ण 526 किलोमीटर के ट्रैक पर बहुत सारे TSR/PSR टेंपररी और परमनेंट स्पीड रिस्ट्रिक्शन लगे पड़े है। इससे गाड़ियोंकी औसत गति पर बड़ा असर पड़ता है और यही वजह है, की सीधे गणित में आम यात्री या सोशल मीडिया जो चीजें वायरल करता है, 4, 4.5 घण्टे में भुसावल से मुम्बई और 3, 3.5 घंटे में नागपुर, भोपाल सम्भव नही हो पाता।

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रेल प्रशासन, खाली पड़े आहाते को सशुल्क पार्किंग लॉट कैसे कह सकती है?

31 अगस्त 2023, गुरुवार, निज श्रावण, शुक्ल पक्ष, पूर्णिमा, विक्रम संवत 2080

रेल प्रशासन अपने आय बढ़ाने के लिए निरन्तर प्रयासरत है। और क्यों न हो, जब राजनीतिक दबावों के चलते रेल विभाग अपने यात्री किराया तालिकाओं में कोई बदलाव नही कर पाता तब अन्य मार्गों से आय के स्रोत खोजे जाते है, उनपर लक्ष्य निर्धारित किए जाते है।

यात्री किरायोंका गुणागणित तो सामान्य सवारी गाड़ियाँ बन्द कर दी गयी, उन्हें एक्सप्रेस गाड़ियोंमें बदल दिया गया, वहीं उनका किराया दुगुना, तिगुना हो गया। उनके किराए, दर सूची से ही गायब हो गए। सामान्य मेल/एक्सप्रेस गाड़ियाँ जिनकी औसत गति को मामूली समयसारणी बदल कर लगभग 55 kmph से आगे बढ़ा दी गई तो उनकी श्रेणी मेल/एक्सप्रेस से सुपरफास्ट हो जाती है और किराया दर सूची में एक सुपरफास्ट शुल्क जुड़ जाता है। गाड़ियोंमें नीला, आसमानी विनायल चिपकाए तो गाड़ी ‘हमसफ़र’ श्रेणी बन गयी और किरायोंमे झट 12 से 15 प्रतिशत की वृद्धि। इसी तरह कुछ ‘महामना’ श्रेणी की भी गाड़ियाँ है। आम मेल/एक्सप्रेस श्रेणियोंमे ही मिलने वाली सुविधाओंका, केवल गाड़ी का नाम, रंग बदलने से ज्यादा किराया बढ़ जाता है। है, न अजीब!

इसी तरह किरायोंके अलावा नॉन फेयर रेवेन्यू के अंतर्गत रेल आहाते के पार्किंग लॉट्स आते है। इन पार्किंग लॉट्स का अमूमन वार्षिक, पंचवर्षीय इस तरह की अवधि के लिए ठेका निकलता है। रेल विभाग तो ज्यादा बोली लगानेवाले से पैसा समेटे सन्तोष प्राप्त कर लेती है, मगर यह बिल्कुल भी नही देखती की पार्किंग के नाम पर जो शुल्क आम जनता से खींचा जा रहा है, उसके ऐवज में उसे सुविधा क्या मिल रही है?

चार पहिया पार्किंग के नाम पर कोई शेड नही होता। रेल आहाते में ही, एक कोना जहाँ गर्मी, बरसात, धूल मिट्टी झेलते वाहन खड़े रहते है, जिसका शुल्क तो ठेकेदार ले लेता है मगर वाहन के नुकसान की कोई जिम्मेदारी उस पर नही ऐसी हिदायत भी वाहन मालिक को दे देता है। उसपर पार्किंग ठेकेदार अपने झोंपड़ेनुमा दफ्तर में कभी पार्किंग ठेके का विवरण, जैसे ठेकेदार का नाम, शुल्क, ठेके की अवधि, सम्पर्क क्रमांक, अनियमितता की शिकायत, सुझाव का समाधान हेतु जिम्मेदार व्यक्ति, संस्था का विवरण इत्यादि कुछ भी उपलब्ध नही रहता।

आये दिन, यात्रिओंको केवल पिकअप या ड्रॉप करने वाले वाहनधारकोंसे पार्किंग ठेकेदारों की हिलहुज्जत चलते रहती है। चूँकि नियमावली का कोई अतापता नही रहता। ठेकेदार के कर्मी हमेशा ही दादागिरी कर वाहनधारकोंसे अवैध वसूली के फिराक में रहते है। इस तरह की परेशानियों के चलते कई वाहनधारक अपनी गाड़ियाँ रेल आहाते के बाहर ही लॉक कर छोड़ना पसन्द करते है।

रेल विभाग को चाहिए, की उक्त पार्किंग ठेकेदार को अपने ठेके सम्बन्धी सारा विवरण, पार्किंग शुल्क स्पष्ट रूप से बैनर बना कर लगाना अनिवार्य करें। साथ ही वाहन का पिकअप, ड्रॉप अवस्था निशुल्क रहें, वाहनतल पर शेड, पीने के पानी, स्वच्छतागृह, वाहन के टायर्स में हवा भरने की सुविधा इत्यादि व्यवस्था समुचित तरीकेसे उपलब्ध हो। वाहनतल पर पार्किंग रसीद इलेक्ट्रॉनिक पद्धति से बनाई जाए, ई-पेमेन्ट की सुविधा का पर्याय और वाहनतल पर समुचित कैमरे लगे हो।

यदि ठेकेदार या रेल विभाग उपरोक्त सेवा वाहनधारक को उपलब्ध ना करा पाए तो वहाँ रेल विभाग को भी पार्किंग क्षेत्र निशुल्क ही रखना चाहिए।