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वन्देभारत एक्सप्रेस सहित कई गाड़ियोंके अनुभूति, विस्टाडोम आदि वातानुकूलित कुर्सी यानों के किराए में 25% तक छूट की योजना

08 जुलाई 2023, शनिवार, श्रावण, कृष्ण पक्ष, षष्टी, विक्रम संवत 2080

रेल मंत्रालय ने अनुभूति और विस्टाडोम कोच सहित एसी सिटिंग सुविधा वाली सभी ट्रेनों की एसी चेयर कार और एक्जीक्यूटिव क्लास में छूट की योजना शुरू की है। हालाँकि इस योजना में बहुत से किंतु, परन्तु जुड़े है। आइए देखते है,

छूट का तत्व मूल किराये पर अधिकतम 25% तक होगा। लागू होने वाले अन्य शुल्क जैसे की आरक्षण, सुपरफास्ट अधिभार, जीएसटी एवं खानपान शुल्क अलग से लगाए जाएंगे। यात्री सहभाग ( ऑक्यूपेंसी ) के आधार पर किसी या सभी वर्गों में छूट प्रदान की जा सकती है। इसके आगे टर्म्स / कंडिशन्स शुरू होती है,

छूट के लिए, पिछले 30 दिनों के दौरान 50% से कम (या तो अंत से अंत तक या कुछ निर्दिष्ट चरणों/खंडों में) ऑक्यूपेंसीवाली या 50% से कम यात्री सहभाग वाले वर्ग की गाड़ियोंका विचार किया जाएगा।

यह छूट तत्काल प्रभाव से लागू की जा रही है।

पहले से बुक किए गए यात्रियों के लिए किराए की कोई धनवापसी, रिफंड स्वीकार्य नहीं होगा।

उन गाड़ियोंके मामले में, जहां किसी विशेष श्रेणी में फ्लेक्सी किराया योजना लागू है और ऑक्यूपेंसी कम है, यात्रिओंका सहभाग बढ़ाने के उपाय के रूप में शुरू में फ्लेक्सी किराया योजना को वापस लिया जा सकता है। यदि इससे यात्री सहभाग में सुधार नहीं होता है, तभी उन गाड़ियों या उनकी श्रेणियों में छूट योजना लागू की जा सकती है।

यह योजना अवकाश/त्यौहार विशेष आदि के रूप में शुरू की गई विशेष ट्रेनों पर लागू नहीं होगी।

गाड़ियोंके यात्रियों द्वारा अधिकतम उपयोग के उद्देश्य से, रेल मंत्रालय ने निम्नलिखित नियमों और शर्तों के अधीन, वातानुकूलित सिटिंग सुविधा वाली गाड़ियों में रियायती किराया योजना शुरू करने के लिए क्षेत्रीय रेलवे को समुचित शक्तियां सौंपने का निर्णय लिया है।

यह योजना अनुभूति और विस्टाडोम कोचों सहित वातानुकूलित कुर्सी यानों वाली सभी ट्रेनों की वातानुकूलित चेयर कार और एक्जीक्यूटिव कक्षाओं में लागू होगी।

पिछले 30 दिनों के दौरान 50% से कम ऑक्यूपेंसी वाली ट्रेनों (या तो अंत से अंत तक या कुछ निर्दिष्ट लेग/सेक्शन में उन सेक्शन के आधार पर जहां छूट प्रदान की जानी है) को ध्यान में रखा जाएगा। छूट की मात्रा तय करते समय परिवहन के प्रतिस्पर्धी माध्यम का किराया मानदंड होगा।

छूट यात्रा के पहले चरण और/या यात्रा के अंतिम चरण और/या मध्यवर्ती खंडों और/या यात्रा के अंत से अंत तक के लिए दी जा सकती है, बशर्ते कि उस चरण/खंड/अंत से अंत तक यात्री सहभाग 50% से कम हो।

इस तरह की छूट शुरू में ट्रेन के आरंभिक स्टेशन के, क्षेत्रीय रेल के PCCM वाणिज्यिक अधिकारी द्वारा तय की गई अवधि के लिए लागू की जाएगी, जो इसके लागू होने से यात्रा की तारीखों के लिए अधिकतम छह महीने के अधीन होगी। रियायती किराया उपरोक्त अवधि के मांग पैटर्न के आधार पर पूरी अवधि या आंशिक अवधि या माहवार या मौसमी या सप्ताह के दिनों/सप्ताहांत के लिए दिया जा सकता है।

आन्तर क्षेत्रीय, प्रारम्भिक-गन्तव्य जोड़े / गंतव्यों वाली ट्रेनों के लिए, कोंकण रेल के मामले में अन्य क्षेत्रीय रेलवे के पीसीसीएम/प्रबंध निदेशक या सीओएम/सीसीएम के परामर्श से किराए में छूट दी जा सकती है।

आगे की समीक्षा नियमित रूप से की जाएगी और यात्री सहभाग के आधार पर छूट को संशोधित /विस्तारित / वापस लिया जा सकता है।

यदि योजना में छूट / वापसी में संशोधन का निर्णय लिया जाता है तो उसे तत्काल प्रभाव से लागू भी किया जा सकता है। हालाँकि, पहले से बुक किए गए यात्रियों से किराए में कोई अंतर नहीं लिया जाएगा, उसी तरह धनवापसी भी नही होगी।

पीटीओ पर टिकट, रेलवे पास पर किराये का अंतर, रियायती वाउचर, विधायक/पूर्व विधायक कूपन, वारंट, सांसद/पूर्व सांसद/स्वतंत्रता सेनानियों आदि को मूल श्रेणीवार किराये पर ही बुक किया जाएगा। इन्हें रियायती किराये की छूट नहीं मिल पाएगी।

यदि प्रारम्भिक स्टेशन से गन्तव्य स्टेशन तक छूट प्रदान की जाती है, तो ऐसी ट्रेनों में तय अवधि के लिए तत्काल कोटा निर्धारित नहीं किया जाएगा। इसके अलावा, यदि ट्रेन की आंशिक यात्रा के लिए छूट प्रदान की जाती है, तो यात्रा के उस हिस्से के लिए तत्काल कोटा प्रदान नहीं किया जा सकता है जिन खण्डों पर छूट दी गई है।

छूट पहले चार्ट की तैयारी तक और वर्तमान बुकिंग के दौरान बुक किए गए टिकटों के लिए होगी। टीटीई द्वारा ‘ऑन बोर्ड’ छूट की भी अनुमति दी जा सकती है।

फिलहाल इस योजना का प्रावधान 1 वर्ष की अवधि तक लागू रहेगा।

यह लेख PIB द्वारा प्राप्त प्रेस विज्ञप्ति पर आधारित है।

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मध्य रेल के पुणे-मिरज खण्ड पर नान्द्रे – सांगली रेल दोहरीकरण तकनीकी कार्य हेतु रेल ब्लॉक रहेगा। 7 गाड़ियाँ रद्द और कुछ गाड़ियाँ परावर्तित, आँशिक रद्द की जा रही है।

08 जुलाई 2023, शनिवार, श्रावण, कृष्ण पक्ष, षष्टी, विक्रम संवत 2080

यात्रीगण कृपया ध्यान दें, उपरोक्त रेल ब्लॉक के कारण निम्नलिखित गाड़ियाँ रद्द / आँशिक रद्द या परावर्तित मार्ग से चलनेवाली है।

रद्द गाड़ियाँ : –

11425/26 पुणे कोल्हापुर पुणे प्रतिदिन एक्सप्रेस दोनोंही दिशाओं से दिनांक 10 जुलाई को नही चलेगी।

11029/30 मुम्बई छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस कोल्हापुर मुम्बई छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस कोयना प्रतिदिन एक्सप्रेस दोनोंही दिशाओं से दिनांक 10 जुलाई को नही चलेगी।

01541/42 सातारा कोल्हापुर सातारा प्रतिदिन डेमू विशेष दोनोंही दिशाओं से दिनांक 10 जुलाई को नही चलेगी।

01549 सांगली मिरज प्रतिदिन डेमू विशेष दिनांक 10 जुलाई को नही चलेगी।

आँशिक रद्द गाड़ियाँ : –

11040 गोंदिया कोल्हापुर महाराष्ट्र प्रतिदिन एक्सप्रेस जो दिनांक 09 जुलाई को गोंदिया से रवाना होनेवाली है, केवल पुणे तक ही जाएगी। पुणे से कोल्हापुर के बीच रद्द रहेगी।

11039 कोल्हापुर गोंदिया महाराष्ट्र प्रतिदिन एक्सप्रेस जो दिनांक 10 जुलाई को कोल्हापुर से रवाना होनेवाली है, पुणे से गोंदिया के लिए रवाना की जाएगी। कोल्हापुर से पुणे के बीच रद्द रहेगी।

01550 कोल्हापुर सांगली डेमू प्रतिदिन विशेष, दिनांक 10 को केवल कोल्हापुर से मिरज तक ही चलेगी। यह गाड़ी मिरज से सांगली के बीच रद्द रहेगी।

परावर्तित मार्ग से चलनेवाली गाड़ियाँ : – निम्नलिखित गाड़ियाँ अपने नियमित मार्ग पुणे – मिरज – पुणे से बदलकर पुणे – दौंड – कुरडूवाड़ी – मिरज होकर चलेंगी।

17318 दादर हुबली प्रतिदिन एक्सप्रेस जो दिनांक 09/07/23 को दादर से प्रस्थान करेंगी, पुणे – मिरज के बीच परावर्तित मार्ग दौंड, कुरडूवाड़ी होकर मिरज पहुँचेंगी और आगे हुबली की ओर जाएगी।

16534 के एस आर बेंगलुरु सिटी जोधपुर साप्ताहिक एक्सप्रेस जो दिनांक 09/07/23 को बेंगलुरु से प्रस्थान करेंगी, परावर्तित मार्ग मिरज, कुरडूवाड़ी, दौंड होकर पुणे पहुँचेंगी ओर आगे जोधपुर के लिए रवाना होगी।

11006 पुड्डुचेरी दादर चालुक्य त्रिसाप्ताहिक एक्सप्रेस जो दिनांक 09/07/23 को पुड्डुचेरी से प्रस्थान करेंगी, परावर्तित मार्ग मिरज, कुरडूवाड़ी, दौंड होकर पुणे पहुँचेंगी ओर आगे दादर के लिए रवाना होगी।

16209 अजमेर मैसूरु द्विसाप्ताहिक एक्सप्रेस जो दिनांक 09/07/23 को अजमेर से प्रस्थान करेंगी, पुणे – मिरज के बीच परावर्तित मार्ग दौंड, कुरडूवाड़ी होकर मिरज पहुँचेंगी और आगे मैसूरु की ओर जाएगी।

11049 अहमदाबाद कोल्हापुर साप्ताहिक एक्सप्रेस जो दिनांक 09/07/23 को अहमदाबाद से प्रस्थान कर रही है, पुणे – मिरज के बीच परावर्तित मार्ग दौंड, कुरडूवाड़ी होकर मिरज पहुँचेंगी और आगे कोल्हापुर की ओर जाएगी।

12780 हजरत निजामुद्दीन वास्को गोवा प्रतिदिन एक्सप्रेस जो दिनांक 09/07/23 को हजरत निजामुद्दीन से प्रस्थान कर रही है, दौंड कॉर्ड – मिरज के बीच परावर्तित मार्ग दौंड, कुरडूवाड़ी होकर मिरज पहुँचेंगी और आगे वास्को की ओर जाएगी।

17317 हुब्बाली दादर प्रतिदिन एक्सप्रेस जो दिनांक 10/07/23 को हुब्बाली से प्रस्थान कर रही है, परावर्तित मार्ग मिरज, कुरडूवाड़ी, दौंड होकर पुणे पहुँचेंगी ओर आगे दादर के लिए रवाना होगी।

परावर्तित की गई गाड़ियोंसे यात्रा करनेवाले यात्रिओंसे निवेदन है, पुणे – मिरज के बीच के नियमित स्टोपेजेस पर उपरोक्त गाड़ियाँ यात्री सेवा नही दे पाएंगी, अतः रेल विभाग की अधिकृत वेबसाइट, ऍप या हेल्पलाइन 139 से सम्पर्क कर अपनी रेल यात्रा का नियोजन करें।

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मध्य रेल महाप्रबंधक द्वारा भुसावल, नागपुर मण्डल अंतर्गत आनेवाले सांसदोंके साथ वार्षिक बैठक

07 जुलाई 2023, शुक्रवार, श्रावण, कृष्ण पक्ष, पंचमी, विक्रम संवत 2080

नागपुर मंडल एवं भुसावल मंडल के माननीय संसद सदस्यों के साथ मध्य रेल के महाप्रबंधक एवं नागपुर और भुसावल मंडल के मंडल रेल प्रबंधक तथा अन्य अधिकारियों के साथ नागपुर में वार्षिक बैठक का आयोजन

मध्य रेल पर नागपुर एवं भुसावल मंडल से संबंधित माननीय संसद सदस्यों के साथ वार्षिक बैठक दिनांक 07/07/23 को मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय, नागपुर में आयोजित की गई। यह बैठक यात्री सुविधाओं, वर्तमान में चल रहे बुनियादी ढांचे के विकास कार्यों और भविष्य की योजनाओं से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा के लिए आयोजित की गई थी।

निम्नलिखित माननीय संसद सदस्य, नागपुर में आयोजित इस बैठक में सम्मिलित हुए –

1) माननीय सांसद श्री हेमन्त तुकाराम गोडसे, नासिक
2) माननीय सांसद डॉ. सुभाष भामरे, धुळे
3) माननीय सांसद श्री ज्ञानेश्वर पाटिल, खण्डवा
4) माननीय सांसद श्री अनिल एस बोंडे, अमरावती
5) माननीय सांसद श्री दुर्गादास उइके, बैतूल

मध्य रेल के महाप्रबंधक नरेश लालवानी ने सभी माननीयों अतिथियों का स्वागत किया। मण्डल के वरिष्ठ अधिकारीयोंने उन्हें पिछले कुछ महीनों में नागपुर और भुसावल मण्डलों में किए गए विकास कार्यों से अवगत कराया, जैसे नई लाइनें, दोहरीकरण, तीसरी लाइन, विद्युतीकरण, ऊपरी पैदल पुल एफओबी, रोड़ ओवर ब्रिज आरओबी/रेल अण्डर ब्रिज आरयूबी का निर्माण कर, लेवल क्रॉसिंग गेट बंद करना, अमृत भारत स्टेशन योजना, स्टेशन पुनर्विकास योजना , लिफ्ट, एस्केलेटर, नए प्लेटफार्म, प्लेटफार्म कवर शेड आदि।

नागपुर मंडल के मंडल रेल प्रबंधक, तुषार कांत पांडे और भुसावल मंडल के मंडल रेल प्रबंधक, एस एस केडिया सहित विभिन्न विभागों के प्रधान विभागाध्यक्ष भी बैठक में उपस्थित थे.

सभी माननीय सांसदों ने अपने-अपने निर्वाचन क्षेत्रों में रेलवे यात्री सुविधाओं और ढांचागत कार्यों से संबंधित सुझाव रखे-

माननीय सदस्यों द्वारा चर्चा किए गए कुछ प्रमुख मुद्दे है –

सांसद डॉ. सुभाष भामरे धुळे
– धुळे – दादर एक्सप्रेस का नियमितीकरण
– धुळे – पुणे एक्सप्रेस का प्रस्ताव
– धुळे स्टेशन आरयूबी अंडरपास का मुद्दा
– अमृत भारत योजना के तहत धुळे स्टेशन की पुनर्विकास योजना
– धुळे – नरडाणा नई लाइन की प्रगति

माननीय सांसद हेमन्त गोडसे, नासिक
– इगतपुरी से ओढ़ा सेक्शन में विभिन्न लेवल क्रॉसिंग गेटों को आरओबी/आरयूबी के साथ बंद करना
– अंडरपासों में जलजमाव की समस्या हल करना
– पंचवटी एक्सप्रेस, राज्यरानी एक्सप्रेस, गोदावरी एक्सप्रेस सम्बन्धी विभिन्न मुद्दे
– विभिन्न गाड़ियोंका देवलाली में हॉल्ट
– नासिक-पुणे नई सेमी हाई स्पीड लाइन की प्रगति
– इगतपुरी-कसारा घाट में चौथी लाइन/पांचवीं लाइन की परीयोजना
– नासिक स्टेशन का पुनर्विकास

माननीय सांसद दुर्गादास उइके बैतूल

– बैतूल स्टेशन के मुद्दे जैसे रेलवे कोर्ट, ट्रेन हॉल्ट, लेवल क्रॉसिंग गेट नं. 257 आरयूबी, माल शेड
– अमला स्टेशन पर प्लेटफार्म कवर शेड, लिफ्ट, एसी वेटिंग हॉल में जैसी सुविधाओं का विस्तार
– मुलताई स्टेशन की चारदीवारी आदि मुद्दे
– नागपुर-भुसावल एक्सप्रेस (इटारासी के रास्ते) को पुनर्स्थापित कराना
– बरबतपुर में गाड़ियोंका ठहराव (हॉल्ट), एफओबी एवं प्लेटफार्म आदि का निर्माण

माननीय सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल, खंडवा
– बुरहानपुर स्टेशन आरओबी
– खंडवा स्टेशन का पुनर्विकास
– खंडवा-अकोला ब्रॉडगेज लाइन प्रगति
– खंडवा में प्लेटफार्मों का चल रहा बुनियादी ढांचागत कार्य
– खंडवा में ट्रेन ठहराव (हॉल्ट) की समस्या

माननीय सांसद अनिल बोंडे, अमरावती
– बोरगांव पाइपलाइन का मुद्दे
– अमरावती सांसदीय क्षेत्र में विभिन्न गाड़ियोंका स्टेशनों पर ठहराव
– हिवरखेड़, चांदूर बाजार, वरुड में यात्री सुविधाएं
– उदखेड़-तरोडा खंड आरयूबी
– पांढुर्णा- वरूड मोर्शी सेक्शन आरओबी
– शेगांव स्टेशन यात्री सुविधाएं
– शकुंतला एक्सप्रेस ब्रॉड गेज प्रगति
– नागपुर/अमरावती से पुणे के लिए नियमित, प्रतिदिन चलनेवाली यात्री सेवाएं
– बडनेरा, वर्धा में गाड़ियोंका ठहराव
– आरयूबी अंडरपास में जलजमाव की समस्या
– अमरावती स्टेशन का पुनर्विकास।

यह प्रेस विज्ञप्ति जनसंपर्क विभाग, मध्य रेल, मुख्यालय, मुंबई द्वारा जारी की गई है।

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बड़ी समस्या : जंक्शनों पर गाड़ियोंके जमावड़े के चलते मार्ग की इतर गाड़ियोंके परिचालन में देरी

06 जुलाई 2023, गुरुवार, श्रावण, कृष्ण पक्ष, तृतीया/चतुर्थी, विक्रम संवत 2080

हम यात्री हमेशा से देखते आ रहे है, प्रत्येक बड़े जंक्शन, टर्मिनल स्टेशन पर गाड़ियोंको प्लेटफार्म पर लेने के लिए बहुत इंतज़ार करना पड़ता है। अब तक रेल प्रशासन इस समस्या से निज़ात पाने के लिए मार्जिन समय का उपयोग करती है। अर्थात मात्र 10, 20 किलोमीटर रन के लिए समयसारणी में 30, 40 मिनट का समय दे देना।

मित्रों, हम सोचते है जितनी मामूली समस्या यह नही है। लगभग सभी क्षेत्रीय रेल, मण्डल इस मार्जिन टाइमिंग्ज की तकनीक का लाभ लेते है। इनमें गाड़ी एखाद घण्टा देरी से भी चल रही है, बड़े जंक्शन, टर्मिनल स्टेशन या झोन/ मण्डल चेंजिंग स्टेशनपर समय पर हो जाती है। पण्डित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन से वाराणसी जंक्शन महज 18 किलोमीटर है, मगर प्रत्येक यात्री गाड़ी को परिचालन समय 40 से 50 मिनट का दिया होता है। इसकी मुख्य वजह है, गाड़ियोंको स्टेशन पर लेने के लिए प्लेटफार्म का खाली न होना। वाराणसी जंक्शन का यह छोटासा उदाहरण है, अमूमन देश भर के सभी जंक्शन, टर्मिनल स्टेशन की लगभग यही हालत है। जैसे ही इस तरह के कोई स्टेशन पर गाड़ी पहुंचने वाली हो, बस रेंगने लग जाती है, या घण्टों खड़ी कर दी जाती है।

अब होता यूँ है, गाड़ियाँ अपनी प्लेटफार्म की माँग लिए स्टेशनोंके बाहरी सिग्नलोंपर खड़ी हो जाती है। बहुतसे यात्री स्टेशन पर खानपान के साधन जुटाने हेतु गाड़ी के दरवाजों के पास आकर खड़े हो जाते है। स्टेशन के अगलबगल ढेरों अवैध बस्तियाँ पायी जाती है और बहुत से अवैध व्यवसाय भी इन्ही बस्तियोंसे पनपते है। यह लोग गाड़ी खड़ी रहती है तब तक यात्रिओंपर नजर रखते है और जैसे ही गाड़ी चल पड़े यात्री के हाथ से उसका बैग, मोबाईल आदि सामान छीन कर भाग जाते है। यह तो हुई गुनहगारी की बात, इसके अलावा गाड़ी अपने टर्मिनल या अगली यात्रा के लिए देरी करती है यह बड़ी परेशानी की सबब है।

रेल प्रशासन मार्जिन समय देकर अब तक इस गाड़ी समयपालन की समस्या से निपट रहा था, बल्कि अभी भी तरीका वही चल रहा है। मगर इस जमावड़े वाली समस्या पर रेल प्रशासन ने कुछ कारगर उपाय भी अपनाए है। तमाम जंक्शन स्टेशन्स पर सीधी यात्री गाड़ियोंका शंटिंग बन्द कर दिया गया है। इसके चलते बरसों पुरानी लिंक एक्सप्रेस गाड़ियाँ, स्लिप कोचेस व्यवस्था बन्द हो गयी।

दूसरा सम्पूर्ण रेल मार्ग का विद्युतीकरण करना। इससे बीच के स्टेशनोंपर लोको बदलना अर्थात डीजल / इलेक्ट्रिक लोको में बदलाव लगभग बन्द हो गया। इससे न सिर्फ गाड़ियोंका समय बच रहा है, अपितु मार्ग की अन्य गाड़ियाँ भी देरी से चलने से बचती है।

इससे आगे का कदम है, सर्वसाधारण गाड़ियोंको ट्रेनसेट में बदलना। यह ट्रेन सेट गाड़ी के दोनों दिशाओं में लोको से सुसज्जित होता है, जिसे सेल्फ प्रोपल्ड कहा जाता है। आधुनिक वन्देभारत एक्सप्रेस इसका उदाहरण है। साथ ही मेमू, डेमू और ई एम यू गाड़ियाँ भी इन्ही ट्रेन सेट से चलती है। देशभर की सवारी गाड़ियोंको मेमू ट्रेनसेट में बदलना, साथ ही देशभर में वन्देभारत एक्सप्रेस गाड़ियोंका परिचालन बढाना यह इसी महत्वाकांक्षी योजना का एक भाग है। इन सेल्फ प्रोपल्ड गाड़ियोंके वजह से टर्मिनल स्टेशन्स के प्लेटफार्म शीघ्रता से खाली कर लिए जाते है। अलग से शंटिंग करने की आवश्यकता नहीं रहती।

भारतीय रेल जिस तरह देशभर में प्रीमियम वातानुकूलित वन्देभारत एक्सप्रेस गाड़ियोंको बढ़ाती चली जा रही है, उसी तर्ज पर वन्दे – साधारण एक्सप्रेस का भी प्रस्ताव उनके विचाराधीन है। यह वन्देसाधारण बना-बनाया ट्रेन सेट तो नही होगा, मगर मध्य रेल की एकमेव राजधानी 22222/21 की तरह सम्पूर्ण LHB कोच से सज्जित पुश-पुल दोनों सिरोंपर लोको वाली एक साधारण एक्सप्रेस गाड़ी होंगी, ऐसी चर्चा है। इज़ तरह की पुश-पुल गाड़ी से ट्रेनसेट की तरह सारे फायदे लिए जा सकते है। केवल एक गाड़ी में दो लोको अटक जाने की समस्या रहेगी। खैर, आगे देखते है, रेल प्रशासन के किस तरह निर्णय आते है!

रेल प्रशासन अपने समस्याओं को अच्छे से समझती है और उस दिशामे काम भी कर रही है। हालाँकि इस महत्वकांक्षी कार्य को समय भी लग ही रहा है, तब हम यात्रिओंको यही सलाह देंगे, कृपया जब तक गाड़ी प्लेटफार्म पर न पहुंचे, कोच के दरवाजोंपर जाकर खड़े न होइए। यह आपके जान-माल के लिए जोख़िम भरा हो सकता है।

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और दो नई वन्देभारत! जोधपुर – अहमदाबाद, गोरखपुर – लखनऊ, जल्द ही फर्राटा भरेंगी

05 जुलाई 2023, बुधवार, श्रावण, कृष्ण पक्ष, द्वितिया, विक्रम संवत 2080

रेल प्रशासन ने दो और नई वन्देभारत एक्सप्रेस के संचालन को अनुमति दे दी है। यह गाड़ियाँ जोधपुर – साबरमती/अहमदाबाद और गोरखपुर – लखनऊ के बीच सप्ताह में 6 दिन चलाई जाएगी।

12461/62 जोधपुर – साबरमती/अहमदाबाद – जोधपुर वन्देभारत एक्सप्रेस सप्ताह में 6 दिन, प्रत्येक मंगलवार छोड़कर चलेंगी। कृपया निम्नलिखित परिपत्रक देखें,

22949/50 गोरखपुर – लखनऊ – गोरखपुर वन्देभारत एक्सप्रेस सप्ताह में 6 दिन, प्रत्येक शनिवार छोड़कर चलेंगी। कृपया निम्नलिखित परिपत्रक देखें,